‘चिरैया’ कार्यक्रम के तहत छात्राओं को एचपीवी टीकाकरण के प्रति किया जागरूक

• सीधी के तीन विद्यालयों में आयोजित हुए परामर्श सत्र, किशोर स्वास्थ्य पर दी गई महत्वपूर्ण जानकारी
सीधी जिला प्रशासन द्वारा ‘चिरैया’ कार्यक्रम के अंतर्गत किशोर-किशोरियों के स्वास्थ्य एवं पोषण को लेकर जिले के गणेश हायर सेकेंडरी स्कूल अमहा, शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल सीधी खुर्द एवं शासकीय आदर्श कन्या मॉडल बेसिक स्कूल सीधी में परामर्श सत्र आयोजित किए गए। इन सत्रों के माध्यम से विशेष रूप से छात्राओं को स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण विषयों पर जागरूक किया गया। कार्यक्रम में नर्सिंग अधिकारी आरती शुक्ला एवं महिमा मिश्रा ने छात्राओं को एचपीवी टीकाकरण के महत्व, आवश्यकता एवं उसके लाभों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सर्वाइकल कैंसर एक गंभीर बीमारी है, जो समय रहते टीकाकरण के माध्यम से रोकी जा सकती है। एचपीवी टीका भविष्य में इस बीमारी से सुरक्षा प्रदान करता है, इसलिए निर्धारित आयु वर्ग की सभी बालिकाओं को यह टीका अवश्य लगवाना चाहिए।‘चिरैया’ कार्यक्रम के तहत किशोर स्वास्थ्य से जुड़े अन्य विषयों पर भी विस्तार से चर्चा की गई। इसमें प्रजनन स्वास्थ्य, एनीमिया के कारण एवं दुष्प्रभाव, व्यक्तिगत स्वच्छता का महत्व तथा संक्रमण से बचाव के उपायों की जानकारी दी गई। सत्र के दौरान छात्राओं की जिज्ञासाओं का समाधान कर उनके मन में मौजूद भ्रांतियों को दूर किया गया। नर्सिंग अधिकारियों ने बताया कि 14 से 15 वर्ष 3 माह आयु वर्ग की बालिकाओं के लिए एचपीवी टीका पूर्णतः सुरक्षित और निःशुल्क है। टीकाकरण अभियान की अंतिम तिथि 31 मई 2026 निर्धारित की गई है, इसलिए सभी पात्र छात्राएं समय रहते टीकाकरण अवश्य कराएं। सत्र के अंत में छात्राओं को स्वयं टीकाकरण कराने के साथ-साथ अपने परिवार एवं सहेलियों को भी इसके लिए प्रेरित करने के लिए जागरूक किया गया। विद्यालय प्रबंधन ने जिला प्रशासन की इस पहल की सराहना करते हुए अधिक से अधिक छात्राओं को इससे लाभान्वित करने का आश्वासन दिया। जिला प्रशासन ने अभिभावकों से अपील की है कि वे यू-विन पोर्टल पर पंजीकरण कराकर अपनी बेटियों का एचपीवी टीकाकरण समय पर कराएं, ताकि उन्हें भविष्य में गंभीर बीमारियों से सुरक्षित रखा जा सके।



