संवेदनशील समाज वही, जो अपने बुजुर्गों का सम्मान करे – डॉ. राजेश मिश्रा

सीधी जिले के निराश्रित एवं जरूरतमंद वृद्धजनों के लिए एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग द्वारा पनवार स्थित भवन में आवासीय सेवा केंद्र (वृद्धाश्रम) का शुभारंभ सांसद डॉ. राजेश मिश्रा द्वारा किया गया। इस अवसर पर समाजसेवी देव कुमार सिंह चौहान भी उपस्थित रहे। इस केंद्र के प्रारंभ होने से वृद्धजनों को सुरक्षित आवास, भोजन, स्वास्थ्य सुविधा एवं सम्मानजनक वातावरण उपलब्ध हो सकेगा। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सांसद डॉ. राजेश मिश्रा ने कहा कि हमारे वरिष्ठजन परिवार और समाज की अमूल्य धरोहर हैं। उनके अनुभव, जीवन मूल्यों और मार्गदर्शन से समाज को दिशा मिलती है। ऐसे में यह हमारी नैतिक और सामाजिक जिम्मेदारी है कि हम उनके सम्मान, सुरक्षा और बेहतर देखभाल को सर्वाेच्च प्राथमिकता दें। उन्होंने कहा कि कई ऐसे बुजुर्ग हैं जो विभिन्न कारणों से अकेलेपन, असहायता या देखभाल के अभाव का सामना करते हैं। यह आवासीय सेवा केंद्र ऐसे जरूरतमंद वृद्धजनों के लिए आश्रय, सुरक्षा और आत्मीयता का केंद्र बनेगा, जहां उन्हें परिवार जैसा वातावरण, सम्मानजनक जीवन और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध होंगी। सांसद ने कहा कि संवेदनशील समाज की पहचान इसी से होती है कि वह अपने बुजुर्गों के प्रति कितना उत्तरदायी है। इसके पूर्व कलेक्टर विकास मिश्रा ने वृद्धाश्रम में वृद्धजनों से मुलाकात की उनकी समस्याओं को सुना। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन समाज के प्रत्येक जरूरतमंद वर्ग तक संवेदनशीलता के साथ सुविधाएं पहुंचाने के लिए निरंतर प्रयासरत है। यह आवासीय सेवा केंद्र वृद्धजनों के लिए सुरक्षित और सम्मानजनक वातावरण उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है, जिससे उन्हें बेहतर देखभाल और आवश्यक सुविधाएं मिल सकेंगी। अतिरिक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी एवं उपसंचालक सामाजिक न्याय धनंजय मिश्रा ने बताया कि केंद्र में 50 वृद्धजनों के आवास, भोजन, स्वास्थ्य देखभाल एवं अन्य आवश्यक सुविधाओं की समुचित व्यवस्था की गई है। इस सेवा केंद्र का उद्देश्य ऐसे बुजुर्गों को सहारा प्रदान करना है, जो निराश्रित हैं या जिन्हें देखभाल और सामाजिक सुरक्षा की आवश्यकता है। कार्यक्रम के दौरान अतिथियों ने केंद्र का अवलोकन कर उपलब्ध व्यवस्थाओं की जानकारी ली तथा इस पहल को समाजहित में महत्वपूर्ण कदम बताया। कार्यक्रम में विभागीय अधिकारियों, स्थानीय जनप्रतिनिधियों एवं गणमान्य नागरिकों की उपस्थिति रही।




