सीएचसी सरई की बदहाली पर फूटा जनाक्रोश, समाजसेवी प्रेम सिंह भाटी ने सौंपा ज्ञापन

सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) सरई की बदहाल स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर क्षेत्र में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है। समाजसेवी प्रेम सिंह भाटी ने मंगलवार को नगर परिषद अध्यक्ष अनुराधा सिंह मरकाम के नेतृत्व में सरई तहसीलदार (डिप्टी कलेक्टर) धर्म प्रकाश मिश्रा को ज्ञापन सौंपते हुए अस्पताल की गंभीर अव्यवस्थाओं पर तत्काल कार्रवाई की मांग की। यह ज्ञापन अनुविभागीय अधिकारी सरई एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी सिंगरौली के नाम सौंपा गया। ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि हजारों लोगों की स्वास्थ्य जरूरतों का केंद्र माने जाने वाले सीएचसी सरई में मूलभूत सुविधाएं तक उपलब्ध नहीं हैं। अस्पताल में डॉक्टरों के कई पद वर्षों से खाली पड़े हैं। एमबीबीएस चिकित्सकों की भारी कमी के कारण मरीजों को समय पर उपचार नहीं मिल पा रहा है। वहीं आईसीयू टेक्नीशियन, सुरक्षा गार्ड और अन्य आवश्यक कर्मचारियों की भी कमी बनी हुई है। सबसे चौंकाने वाली बात यह बताई गई कि करोड़ों रुपये की लागत से स्थापित ऑक्सीजन प्लांट लंबे समय से बंद पड़ा है। इतना ही नहीं, आईसीयू भवन बनकर तैयार होने के बावजूद स्टाफ के अभाव में उसका संचालन शुरू नहीं हो सका है। गंभीर मरीजों को मजबूरन जिला अस्पताल या निजी अस्पतालों में रेफर किया जा रहा है। ज्ञापन में यह भी खुलासा किया गया कि अस्पताल में पिछले करीब तीन वर्षों से एक्स-रे सुविधा बंद है, जिससे गरीब मरीजों को निजी जांच केंद्रों में मोटी रकम खर्च करनी पड़ रही है। अस्पताल परिसर में मरीजों एवं परिजनों के बैठने की समुचित व्यवस्था तक नहीं है और शव वाहन सुविधा का भी अभाव बताया गया। प्रेम सिंह भाटी ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि तीन दिनों के भीतर स्वास्थ्य व्यवस्थाओं में सुधार नहीं किया गया तो क्षेत्रीय नागरिकों, महिलाओं और युवाओं के साथ उग्र आंदोलन किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी। ज्ञापन सौंपने के दौरान बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि एवं ग्रामीण मौजूद रहे।इस मौके पर नगर परिषद सरई अध्यक्ष अनुराधा सिंह मरकाम, पार्षद प्रतिनिधि संतोष जायसवाल,महिपाल सिंह,रामसजीवन बसोर,बबलू अग्रहरि,श्यामलाल साकेत,जयंत मिश्रा,एडवोकेट दिनेश रजक,सेल सिंह,सहित सैकड़ों की संख्या में लोग उपस्थित रहे।



